॥ माँ बगलामुखी आरती ॥Baglamukhi Aarti in Hindi

|
Facebook

जय जय श्री बगलामुखी माता, आरती करहूँ तुम्हारी। पीत वसन तन पर तव सोहै, कुण्डल की छबि न्यारी॥ (जय जय श्री बगलामुखी माता…)

कर कमलों में मुद्गर धारै, अस्तुति करहिं सकल नर नारी। चम्पक माल गले लहरावे, सुर नर मुनि जय जयति उचारी॥ (जय जय श्री बगलामुखी माता…)

त्रिविध ताप मिटि जात सकल सब, भक्ति सदा तव है सुखकारी। पालन हरत सृजत तुम जग को, सब जीवन की हो रखवारी॥ (जय जय श्री बगलामुखी माता…)

मोह निशा में भ्रमत सकल जन, करहु ह्रदय महँ, तुम उजियारी। तिमिर नशावहू ज्ञान बढ़ावहु, अम्बे तुमही हो असुरारी॥ (जय जय श्री बगलामुखी माता…)

सन्तन को सुख देत सदा ही, सब जन की तुम प्राण प्यारी। तव चरणन जो ध्यान लगावै, ताको हो सब भव भयहारी॥ (जय जय श्री बगलामुखी माता…)

प्रेम सहित जो करहिं आरती, ते नर मोक्षधाम अधिकारी। जय जय श्री बगलामुखी माता, आरती करहूँ तुम्हारी॥ (जय जय श्री बगलामुखी माता…)

Pt Viswanath sharma (Jyotish&Researcher)

Myself pandit vishwanath sharma from kashi,uttar pradesh. I'm 83 years old. In this site i shared my journey of sprituality. As researcher of spirituality i shared my experience in a Article format in our website baglamukhimantra

Keep Reading